यूपी में मान्यता प्राप्त पत्रकारों की दोबारा LIU जांच रद्द, 58 वर्ष की आयु में पेंशन समेत उठीं 9 सूत्रीय मांगें

निदेशक के साथ समन्वय बैठक में उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति ने आठ सूत्रीय माँग रखी सूचना निदेशालय के कांफ्रेंस हॉल में अपर निदेशक की भी उपस्थिति रही
लखनऊ । सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग द्वारा जिला संवाददाताओं की दोबारा एलआईयू नहीं कराई जाएगी। उत्तर प्रदेश मान्यता प्राप्त संवाददाता समिति के साथ समन्वय बैठक में निदेशक विशाल सिंह अध्यक्षता करते हुए यह निर्णय लिया। निदेशालय कांफ्रेंस हॉल में समिति के अध्यक्ष हेमंत तिवारी के नेतृत्व में पत्रकारों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं एवं लंबित मांगों पर विस्तार से चर्चा की गई। अपर निदेशक अपर निदेशक अरविन्द मिश्र को सभी माँगों पर निर्णय लेकर उन्होंने तत्काल निस्तारित करने का निर्देश भी दिया।
जिला मान्यता प्राप्त संवाददाताओं की जाँच प्रकरण को अध्यक्ष व सचिव भारत द्वारा उठाए जाने को संज्ञान लेते हुए निदेशक ने शीघ्रातिशीघ्र आदेश को निरस्त करने का निर्देश दिया।
बैठक में समिति के सचिव भारत सिंह ने पत्रकारों के हितों से संबंधित नौ सूत्रीय मांग पत्र क्रमवार प्रस्तुत किए। समिति के अध्यक्ष हेमंत तिवारी ने प्रत्येक मांग के संबंध में निदेशक को विस्तार से अवगत कराते हुए उनके शीघ्र समाधान की आवश्यकता पर जोर दिया।
सूचना निदेशक विशाल सिंह की अध्यक्षता में समिति द्वारा रखी गई प्रमुख मांगों में 58 वर्ष की आयु में पत्रकारों को पेंशन की सुविधा, जिला मान्यता प्राप्त संवाददाताओं की दोबारा एलआईयू न कराने, पत्रकारों के लिए प्लॉट, आवास एवं फ्लैट आवंटन की व्यवस्था किए जाने, राज्य एवं जिला मुख्यालय के मान्यता प्राप्त पत्रकारों के सेवानिवृत्ति की निर्धारित आयु में पहुंचने पर मान्यता स्वतः वरिष्ठ एवं स्वतंत्र पत्रकार की श्रेणी में स्थानांतरित करने, मान्यता से संबंधित मामलों के त्वरित निराकरण हेतु मान्यता समिति का गठन, दारुलशफा स्थित ए-ब्लॉक में फोटोग्राफरों के कार्यालय से संबंधित बकाया राशि का भुगतान किए जाने, पत्रकारों एवं उनके परिवारों के लिए आयुष्मान कार्ड का कैंप लगाने, चिकित्सा हेतु कैश लेस कार्ड बनवाने, एसजीपीजीआई में चिकित्सकीय व्यवस्था सुनिश्चित करने व 25 लाख रुपये से बढ़ाकर एक करोड़ रुपये किए जाने, स्वतंत्र एवं वरिष्ठ पत्रकारों तथा फोटो जर्नलिस्टों से नियमित रूप से समाचार, आलेख एवं फोटो सामग्री प्राप्त कर सरकारी पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित किए जाने व उचित पारिश्रमिक दिए जाने का माँग पत्र दिया गया।
समिति के अध्यक्ष हेमंत तिवारी ने कहा कि पत्रकार लोकतंत्र के सजग प्रहरी के रूप में निरंतर अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हैं। ऐसे में पत्रकारों की सामाजिक सुरक्षा, स्वास्थ्य, आवास एवं सम्मान से जुड़ी मांगों का समयबद्ध समाधान आवश्यक है। उन्होंने उम्मीद जताई कि विभाग स्तर पर सभी मांगों पर सकारात्मक विचार करते हुए शीघ्र आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
समिति के सचिव भारत सिंह ने कहा कि सभी मांगें पत्रकारों के व्यापक हित से जुड़ी हुई हैं और इनका उद्देश्य राज्य एवं जिला मुख्यालय के मान्यता प्राप्त पत्रकारों को बेहतर सुविधाएं एवं सामाजिक सुरक्षा उपलब्ध कराना है।
सूचना विभाग द्वारा आयोजित समन्वय बैठक में अपर निदेशक अरविन्द कुमार मिश्रा, सहायक निदेशक अमित यादव, वित्त नियंत्रक संजय सिंह, समिति के पदाधिकारियों में उपाध्यक्ष आकाश शेखर शर्मा, अविनाश मिश्रा, राघवेन्द्र त्रिपाठी, संयुक्त सचिव विजय कुमार त्रिपाठी व अनिल सैनी, कार्यकारिणी सदस्य रीतेश सिंह, अब्दुल वहीद, रेनू निगम, वेद प्रकाश दीक्षित, राघवेन्द्र प्रताप सिंह, नवेद शिकोह, सत्येंद्र कुमार राय समेत अन्य पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।
लेखक के बारे में
Santosh Kumar Singh
श्री सिंह ‘विजुअल लाइव’ मासिक पत्रिका एवं न्यूज पोर्टल के संपादक के रूप में पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वर्ष 2004 से उन्होंने प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी सेवाएं देते हुए पत्रकारिता का लंबा अनुभव अर्जित किया है। लखनऊ से प्रकाशित हिन्दी दैनिक राष्ट्रीय सहारा, डेली न्यूज एक्टिविस्ट, राष्ट्रीय स्वरूप और भारत प्रतिदिन सहित विभिन्न मीडिया संस्थानों के लिए उन्होंने रिपोर्टिंग की है। प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति के लखनऊ आगमन से लेकर राजनीति, प्रशासन, जनसरोकार और शहर की महत्वपूर्ण घटनाओं की रिपोर्टिंग में उनकी सक्रिय भूमिका रही है। श्री सिंह की विशेष रुचि खोजी पत्रकारिता और डिजिटल माध्यमों के प्रभावी इस्तेमाल में है। इंटरनेट आधारित शोध, सूचना के स्रोतों की पड़ताल और खबर की बारीकियों तक पहुंचने की उनकी कार्यशैली उन्हें अलग पहचान देती है। बदलते मीडिया परिदृश्य में वे तथ्यपरक, विश्वसनीय और जनसरोकार से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं। पत्रकारिता के साथ उन्हें संगीत और यात्रा में विशेष रुचि है। उनका मानना है कि एक पत्रकार के लिए जिज्ञासा, निरंतर सीखने की प्रवृत्ति और तथ्यों के प्रति ईमानदारी सबसे महत्वपूर्ण गुण हैं। Santosh Kumar Singh की सभी खबरें देखें →
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